उत्तराखंड के सीमांत जिलों को राजधानी से जोड़ने की दिशा में आज एक बड़ा कदम उठाया जा रहा है। करीब सात महीनों के लंबे इंतजार के बाद, देहरादून और पिथौरागढ़ के बीच हवाई सेवा का एक बार फिर औपचारिक शुभारंभ होने जा रहा है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आज सुबह करीब 11:30 बजे जौलीग्रांट एयरपोर्ट से इस उड़ान को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। उत्तराखंड एयर कनेक्टिविटी स्कीम’ के तहत संचालित यह सेवा राज्य के दूरस्थ क्षेत्रों को हवाई नेटवर्क से जोड़ने के उद्देश्य से शुरू की गई है। इस मार्ग पर एलायंस एयर (Alliance Air) द्वारा 42 सीटों वाले विमान का संचालन किया जाएगा, जिससे यात्रियों के लिए सफर न केवल आरामदायक होगा बल्कि समय की भी भारी बचत होगी।
सीमांत क्षेत्रों को नई उड़ान देने की दिशा में आज एक और ऐतिहासिक कदम उठाया गया है. जौलीग्रांट एयरपोर्ट से पिथौरागढ़ के लिए विमान सेवा (42 सीटर) का शुभारम्भ क्षेत्रीय विकास, पर्यटन विस्तार और स्थानीय जनमानस की सुविधा को नई गति देगा. सीएम धामी ने कहा हमारी डबल इंजन सरकार के पिछले 4 वर्षों में उत्तराखंड में हेलीपोर्ट की संख्या 2 से बढ़कर 12 तथा हेलीपैड की संख्या 60 से बढ़कर 118 हो गई है. यह हमारे सुदृढ़ एविएशन इकोसिस्टम का परिणाम है कि राज्य को ‘बेस्ट स्टेट फॉर प्रमोशन ऑफ एविएशन इकोसिस्टम’ अवॉर्ड से सम्मानित किया गया है.
सीएम धामी ने कहा सीमांत क्षेत्रों में पर्यटन को नई गति मिलेगी तथा रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे. आपदा प्रबंधन और आपातकालीन परिस्थितियों में भी हेली सेवाएं अत्यंत उपयोगी सिद्ध हो रही हैं. राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में विकसित हेलीपैड इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.आपदा की दृष्टि से संवेदनशील उत्तराखंड में यह व्यवस्था त्वरित राहत एवं बचाव कार्यों को और अधिक प्रभावी बना रही है.
केंद्रीय मंत्रिमंडल द्वारा ‘उड़ान योजना 2.0’ को मिली मंजूरी देश के नागरिक उड्डयन क्षेत्र में एक ऐतिहासिक कदम है. लगभग ₹29,000 करोड़ से 100 नए हवाई अड्डों एवं 200 नए हेलीपैड के विकास का मार्ग प्रशस्त होगा, जिसका लाभ उत्तराखंड सहित पूरे देश को मिलेगा.
