उत्तराखंड के देहरादून शहर में हाउस टैक्स के लिए वसूली अभियान तेज होने जा रहा है. ऐसे में जिन लोगों ने अब तक भवन और संपत्ति कर का भुगतान नहीं किया है, उनके पास अब यह आखिरी मौका ही बचा है. दरअसल नगर निगम ने न केवल टैक्स वसूली अभियान तेज करने का निर्णय लिया है. बल्कि नोटिस देने के बावजूद बड़े बकायेदारों द्वारा भुगतान नहीं करने पर कानूनी कार्रवाई करने का भी मन बना लिया है.
देहरादून नगर निगम में रहने वाले लोगों के लिए हाउस टैक्स को लेकर बेहद अहम जानकारी सामने आई है. दरअसल, नगर निगम हाउस टैक्स वसूली को लेकर अभियान तेज करने जा रहा है. ऐसे में देहरादून में रहने वाले जिन लोगों ने अपनी संपत्ति और भवन का टैक्स जमा नहीं किया है. उनके पास अब ऐसा करने के लिए आखिरी मौका ही बचा है. खास बात यह है कि फिलहाल नगर निगम हाउस टैक्स जमा करने वालों को 20 प्रतिशत तक की छूट का लाभ भी दे रहा है.
देहरादून नगर निगम अपने वार्षिक लक्ष्य को पाने के लिए हाउस टैक्स वसूली के अभियान को तेज कर रहा है. नगर निगम के राजस्व के रूप में हाउस टैक्स बेहद अहम भूमिका में है. ऐसे में न केवल वित्तीय वर्ष के दौरान हाउस टैक्स का भुगतान नहीं करने वालों से वसूली का प्रयास हो रहा है. बल्कि बड़े बकायदारों को भी नोटिस जारी करते हुए एक हफ्ते के भीतर टैक्स का भुगतान करने के निर्देश दिए गए हैं. खास बात यह भी है कि ऐसा नहीं करने पर बड़े बकायदारों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की भी तैयारी की जा रही है.
मौजूदा वित्तीय वर्ष में अब तक नगर निगम करीब 47 करोड़ रुपए हाउस टैक्स के रूप में जमा कर चुका है और अभी करीब लक्ष्य के अनुसार 10 करोड रुपए राजस्व वसूली करना बाकी है. इसी को देखते हुए नगर निगम 31 मार्च की डेडलाइन तक सभी हाउस टैक्स बकायेदारों से वसूली की कोशिश में है. ऐसे में बकायेदारों को भुगतान करने के लिए प्रोत्साहित करने के इरादे के साथ इन्हें 20 प्रतिशत तक की छूट का लाभ देने का फैसला किया गया है.
देहरादून नगर निगम के मेयर सौरभ थपलियाल के अनुसार, नगर निगम के लिए राजस्व के रूप में भवन और संपत्ति कर की वसूली बेहद अहम है. ऐसे में सभी बकायदाओं से आग्रह किया जा रहा है कि वह अपनी जिम्मेदारी को समझते हुए हाउस टैक्स जमा करें. शहर वासियों को हाउस टैक्स में लाभ देने के लिए विशेष स्कीम निकाली गई है. इसके तहत छूट भी दी जा रही है. उम्मीद है कि देहरादून शहर के सभी लोग 31 मार्च 2025 तक हाउस टैक्स का भुगतान कर लेंगे और नगर निगम की टीम शत प्रतिशत राजस्व वसूली कर लेगी.